हो दीनानाथ (सोना सट कुनिया) लिरिक्स (Ho Deenanath Chhath Geet) छठ पर्व केवल नियमों का पालन नहीं है, बल्कि यह ईश्वर से प्रत्यक्ष संवाद (Direct Conversation) का महापर्व है। जब भोर के समय व्रती पानी में खड़े होकर भगवान भास्कर की प्रतीक्षा कर रहे होते हैं और सूर्य देव को आने में विलंब हो जाता है, तो उस समय जो मार्मिक संवाद होता है, उसे "हो दीनानाथ (सोना सट कुनिया)" गीत में बेहद खूबसूरती से पिरोया गया है। हम अपने मंच पर लगातार छठ के अद्भुत गीतों का संकलन कर रहे हैं। जिस प्रकार "आठ ही काठ के कोठरिया" में भगवान के चमत्कार दिखाई देते हैं, और "उगह हो सूरज देव भेल भिनसरवा" में समाज का हर वर्ग उन्हें पुकारता है, उसी शृंखला का यह गीत भगवान सूर्य की असीम दयालुता और चमत्कारों का साक्षात प्रमाण है। ▶️ यहाँ क्लिक करके सीधा वीडियो देखें और दीनानाथ को पुकारें प्रातःकाल (भिनसार) में जल में खड़े होकर सूर्य देव के उदित होने की प्रती...